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| पंडित वेद मूर्ति शास्त्री जी। |
रांची : हिन्दू जागरण मंच, झारखण्ड के फेसबुक लाईव कार्यक्रम में रविवार को माँ भगवती ज्योतिष वेद विज्ञान प्रतिष्ठान के राष्ट्रिय अध्यक्ष व वैदिक धर्म गुरु वेद मूर्ति शास्त्री जी ने लाईव सम्बोधित करते हुए कहा की आदि शक्ति विश्व को महामारी से सुरक्षा वरदान करें। हिन्दू हूँ मैं शक्ति उपासक। कर्म व संस्कार से हिन्दू होने की। हमें संस्कारवान बनने की आवश्यकता है।
धर्मनिष्ठ व कर्मनिष्ठ हिन्दू बनने की आवश्यकता है। धर्म की विजयी प्राप्त करना है तो शस्त्र व शास्त्र दोनों उठाने की आवश्यकता है। हिन्दू समाज को विखण्डित करने के लिए विधर्मी षड्यन्त्र कर रहे हैं। विधर्मियों ने हजारों सालों से हिंदुओं को तोड़ने का काम किया गया। हमारे यहाँ कभी जाति प्रथा थी ही नहीं। वर्णव्यवस्था थी। हिन्दू विखराव के लिए हमारे जातिवाद का जहर घोला गया है।
वेद दुनिया का सबसे प्राचीन ग्रन्थ। विश्व मे एक मात्र पूर्ण धर्म है, वैदिक सनातन धर्म। सनातन धर्म ही सभी धर्मों का मूल है। हिंदुओं को गर्व करना चाहिए कि, वैदिक पथ पर चलना चाहिए। कांग्रेस के कुचक्र के कारण मदरसा शिक्षा को बढ़ावा दिया गया और हिन्दू समाज के साथ कुठाराघात किया गया। गुरुकुलों को ध्वस्त किया। शिक्षा के माध्यम से हिन्दू समाज को कमजोर किया जा रहा है। ईसाई मशिनिरियों द्वारा शिक्षा के नाम पर, धर्मांतरण का पाप किया जाता है।
भारत के प्राचीन शिक्षा पद्धति, गुरुकुल में कोई भेदभाव नहीं था। सभी वर्गों के लोग एक समान शिक्षा पाते हैं। हमलोग बड़े सौभाग्यशाली हैं जो वर्तमान में धर्मपरायण, अग्रसोचि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व से कोरोना को नियंत्रित करने में भरसक कामयाब हो ही गए थे लेकिन तब्लीगी जमात वालों ने कोरोना का संक्रमण पूरे देश में फैलाया। विधर्मियों द्वारा लव जिहाद का षड्यन्त्र कर हिन्दू समाज को तोड़ने का कार्य किया जा रहा है।
कोरोना वारियर्स के सेवा कार्यों को नमन करना चाहि, जिनके योगदान को युगों युगों तक याद रखा जायेगा। कोरोना ने बहुत कुछ सिखाया हमको। कोरोना के कारण धर्म विरोधी तब्लीकि जमात का असलियत पता चलता है। कोरोना के कारण प्रकृति स्वच्छ हो गया है। जीवन का मूल्यवान वस्तु शरीर ही है, ये कोरोना ने समझा दिया है। शरीर की रक्षा व सुरक्षा खुद करें और धर्मपरायण बनें। जिन्होंने सरकारी निर्देशों का पालन किया वो आज स्वच्छ है।
परमात्मा ने व्यक्ति के निर्माण में कितने जतन किये हैं। शरीर को किसी भी मूल्य में खरीदी नहीं जाती। कुछ नेताओं के कुचक्र के चलते प्रधानमंत्री जी की ईमानदार छवि को धूमिल करने के लिए निर्दोष मजदूरों को भड़का रहे हैं। छद्म नेताओं के मजदूरों को भड़काने का कार्य बंद हो। बुद्धिमता से काम लें जो जहां हैं वहीं रहें। हिंदुओ में जागरण की आवश्यकता है। टिक टोक जैसी एप से हमारी युवा पीढ़ी भटक रही है इससे बचने की आवश्यकता है।
हमारे सनातन धर्म की परंपरा के संवाहन हम सबको एकसाथ मिलकर करना होगा। देश की पुरानी समस्याओं को शांतिपूर्ण समाधान किया जा रहा देश के नेतृत्व ने यशस्वी ऊर्जा का प्रदर्शन किया। कांग्रेस पार्टी ने हमेशा हिन्दू विरोधी कार्य किया। लेकिन भगवत कृपा से आज जो नरेंद्र मोदी जी के कार्य से सम्पूर्ण विश्व मे भारत के धर्मध्वजा को लहराया है। भारत को प्रधानमंत्री के रुप मे देवता समान व्यक्ति मिला है। जिसके माध्यम से बड़े कार्य सम्पन्न हो रहे हैं।
जनसंख्या विस्फोटक के माध्यम से विधर्मियों द्वारा भारत में कुटिल नजर बनाए हुए हैं। जल्द से जल्द जनसंख्या नियंत्रण के लिए कठोर कानून बनाये जाने चाहिए। सबसे अधिक सरकारी सब्सिडी का फायदा विधर्मी लोग ही उठाते हैं। और सरकार की बात भी नहीं मानते हैं। धर्मनिष्ठ व्यक्तियों को कोरोना या किसी भी वायरस से डरना नहीं चाहिए। हमारी रोग प्रतिरोधक क्षमता बहुत मजबूत है। आज भी यज्ञ कर्म कांड में बहुत प्रभाव है। अमेरिका के वैज्ञानिक ने कहा, सूर्य के धूप लो, स्वच्छ हवा लेना चाहिए।
सूर्य नमस्कार से योग प्राणायाम से व्यक्ति नित स्वस्थ रहता है। हमारी प्राचीन जीवन शैली आज भी प्रासंगिक है। कोरोना से लड़ने में हमारी ऋषि संस्कार व सन्त जीवन शैली से कोरोना जैसे महामारी से सामना किया जा सकता है। अपने भारतीय संस्कार पद्धति पर चलें और पश्चिमी सभ्यता व जीवन शैली से हमारे युवा दूर रहें।
हम प्रकृति पूजक हैं। पेड़,नदी,पहाड़ ये सभी की हम पूजा करते हैं। प्रकृति स्वच्छ होगी, तभी मानव सुरक्षित होगा। इंडोनेशिया सबसे बड़ा मुस्लिम देश हैं जहां के करेंसी नोट में भगवान गणेश के फोटो है। हवाई जहाज में गरुड़ के फोटो हैं। सनातन संस्कृति को इंडोनेशिया ने चरितार्थ ने किया है। भारत को इससे सबक लेना चाहिए।
अंत में उन्होंने हिन्दू विरोधी कथावाचको को अपने मर्यादा में रहने का हिदायत दिया। व सनातन समाज के सामने अशोभनीय उदाहरण प्रस्तुत नहीं करने का आह्वान किया। आज पूरा विश्व प्रधानमंत्री से प्रभावित हैं। पुनः भारत विश्व गुरु बनेगा।
